. https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-6143532855452692 नियम तोड़ने वाली बसों पर चला एआरटीओ का चाबुक...

नियम तोड़ने वाली बसों पर चला एआरटीओ का चाबुक...

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 नियम तोड़ने वाली बसों पर चला एआरटीओ का चाबुक...



उरई। उत्तर प्रदेश के परिवहन आयुक्त के निर्देशों के तहत सड़कों पर यात्रियों की सुरक्षा पुख्ता करने और डग्गामार व मानकों के विपरीत दौड़ रही बसों पर नकेल कसने के लिए तीन दिवसीय विशेष प्रवर्तन अभियान 'ऑपरेशन कवच-2.0' का आगाज कर दिया गया है। 28, 29 और 30 सितंबर 2026 तक 24 घंटे लगातार चलने वाले इस चेकिंग अभियान में बस-बॉडी कोड, ऊंचाई के मानकों के उल्लंघन और छतों पर क्षमता से अधिक सामान लादकर यात्रा कराने वालों पर पैनी नजर रखी जा रही है। जिले में अधिकारियों की कमी को देखते हुए परिवहन विभाग ने पड़ोसी संभागीय अधिकारियों को भी मोर्चे पर तैनात किया है, ताकि जांच में कोई ढील न रहे।

अभियान के पहले ही दिन से परिवहन विभाग की टीमों ने सड़कों पर उतरकर ताबड़तोड़ चेकिंग शुरू कर दी। 28 सितंबर की रात से लेकर 29 सितंबर की दोपहर तक चलाए गए इस सर्च ऑपरेशन में जालौन के एआरटीओ (प्रवर्तन) राजेश कुमार ने नियमों की धज्जियां उड़ा रही 02 स्लीपर बसों पर गाज गिराई, वहीं झांसी से विशेष ड्यूटी पर आए एआरटीओ (प्रवर्तन) हेमचंद्र गौतम ने भी 02 स्लीपर बसों के खिलाफ सख्त एक्शन लिया। इसके साथ ही जालौन के यात्रीकर/मालकर अधिकारी आनंद राय कुरील ने 01 स्लीपर बस को कब्जे में लेकर चालान और सीज की कार्रवाई की। इन सभी 05 अवैध स्लीपर बसों को जनपद के अलग-अलग थानों में बंद करा दिया गया है, जबकि दर्जनों अन्य यात्री बसों पर विभिन्न यातायात नियमों के उल्लंघन पर भारी जुर्माना ठोका गया है।

प्रशासनिक टीम ने कार्रवाई के दौरान बसों में मौजूद यात्रियों की सहूलियत का पूरा ख्याल रखा। जिन बसों को सीज कर थानों में खड़ा कराया गया, उनमें सवार यात्रियों को उनके गंतव्य तक सुरक्षित पहुंचाने के लिए उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (यूपीएसआरटीसी) उरई डिपो की बसों से तत्काल वैकल्पिक इंतजाम किए गए। एआरटीओ अधिकारियों का कहना है कि सड़कों पर अवैध रूप से दौड़ रही बसों से यात्रियों की जान को खतरा रहता है, इसलिए सफर को पूरी तरह महफूज और व्यवस्थित बनाने के लिए यह विशेष चेकिंग अभियान अग्रिम आदेशों तक बिना रुके लगातार जारी रहेगा।

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