अयोध्या से जनकपुर धाम के बीच सीधी ट्रेन सेवा इसी महीने शुरू: पीएम मोदी और बालेन शाह दिखाएंगे हरी झंडी, IRCTC से होगी टिकट बुकिंग #AyodhyaToJanakpur #IndiaNepalRailway #AyodhyaNews #RamSitaJodi #IndianRailways
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भगवान श्रीराम की जन्मभूमि अयोध्या और माता जानकी की पावन नगरी जनकपुर धाम (नेपाल) को सीधे रेल संपर्क से जोड़ने की बहुप्रतीक्षित योजना अब धरातल पर उतरने के लिए पूरी तरह तैयार है। दोनों देशों के बीच सीधी ट्रेन सेवा इसी महीने शुरू होने जा रही है। आगामी 22 या 23 नवंबर को भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और नेपाल के प्रधानमंत्री बालेन शाह संयुक्त रूप से वर्चुअल माध्यम से हरी झंडी दिखाकर इस ऐतिहासिक ट्रेन सेवा का शुभारंभ कर सकते हैं। इस ऐतिहासिक रेल संपर्क को लेकर भारत और नेपाल दोनों तरफ प्रशासनिक और तकनीकी तैयारियां युद्धस्तर पर जारी हैं।
ट्रेन परिचालन की तैयारियों के क्रम में गुरुवार को भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा, ट्रैक और परिचालन का सघन ट्रायल रन किया गया। पूर्व मध्य रेलवे (हाजीपुर) के अपर महाप्रबंधक (एजीएम) अमरेंद्र कुमार विशेष ट्रेन से सीमावर्ती स्टेशन जयनगर पहुंचे। सुबह 9:10 बजे दो इंजनों के साथ 17 खाली कोच वाली विशेष एमटी (खाली) ट्रेन को जयनगर से नेपाल के कुर्था और जनकपुर धाम के लिए रवाना किया गया। दोपहर 1:45 बजे सभी तकनीकी मानकों और सुरक्षा जांचों को पूरा करने के बाद यह ट्रायल ट्रेन सफलतापूर्वक जयनगर वापस लौटी।
इस उच्चस्तरीय निरीक्षण और ट्रायल के दौरान नेपाल के धनुषा जिले के मुख्य जिला अधिकारी (सीडीओ) भूदेव झा, एसीडीओ, नेपाल रेलवे के महाप्रबंधक परवेश पराजुली सहित भारत और नेपाल रेलवे के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। एजीएम अमरेंद्र कुमार ने बताया कि दोनों देशों के अधिकारियों ने ट्रैक, सिग्नलिंग, यात्री सुविधाओं और सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की है तथा जो भी छोटी-मोटी कमियां पाई गई हैं, उन्हें निर्धारित उद्घाटन तिथि से पहले दुरुस्त करने के निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
अयोध्या से प्रस्थान करने वाली यह विशेष ट्रेन बिहार के जयनगर स्टेशन पहुंचेगी और वहां से सीमा पार कर सीधे नेपाल के जनकपुर धाम में प्रवेश करेगी। सीमावर्ती सुरक्षा और अंतरराष्ट्रीय प्रोटोकॉल को ध्यान में रखते हुए जयनगर में कस्टम जांच की पुख्ता व्यवस्था स्थापित की जाएगी। दोनों तरफ से आने-जाने वाली ट्रेनों और यात्रियों के सामान की सघन जांच कस्टम विभाग द्वारा की जाएगी।
श्रद्धालुओं और सामान्य यात्रियों की सुगमता के लिए इस ट्रेन के टिकटों की बुकिंग दोनों देशों के लिए इंडियन रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉरपोरेशन (IRCTC) की आधिकारिक वेबसाइट और मोबाइल ऐप पर उपलब्ध कराई जाएगी। इस सीधी रेल सेवा के शुरू होने से न केवल सांस्कृतिक और धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि भारत-नेपाल के सदियों पुराने 'रोटी-बेटी' और आध्यात्मिक संबंधों को भी एक नया आयाम प्राप्त होगा।
( चित्र - A.I द्वारा निर्मित )
