अयोध्या दीपोत्सव 2026: 56 घाटों पर सजे 30 लाख दीप, 7 नवंबर को मुख्य समारोह; पुराने सरयू पुल पर 5 दिन यातायात बंद #AyodhyaDeepotsav #Deepotsav2026 #AyodhyaNews #RamKiPaidi #SaryuGhat
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रामनगरी अयोध्या में 10वें भव्य दीपोत्सव-2026 को ऐतिहासिक और सुव्यवस्थित रूप देने की तैयारियां अपने अंतिम व निर्णायक चरण में पहुंच चुकी हैं। मुख्य आयोजन स्थल राम की पैड़ी सहित पावन सरयू नदी के कुल 56 घाटों पर 30 लाख दीपकों को सजाने का कार्य पूर्ण कर लिया गया है। सात नवंबर को दीपोत्सव का मुख्य भव्य समारोह आयोजित होगा, जबकि पर्यटकों और श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रहने वाला भव्य लेजर शो आगामी नौ नवंबर तक निरंतर चलेगा।
दीपोत्सव के महाआयोजन को देखते हुए सुरक्षा और भीड़ नियंत्रण के व्यापक व कड़े इंतजाम किए गए हैं। सुरक्षा मानकों के दृष्टिगत राम की पैड़ी समेत सभी संवेदनशील घाटों पर सघन बैरिकेडिंग का कार्य शुरू कर दिया गया है। श्रद्धालुओं और पर्यटकों की भारी भीड़ को नियंत्रित करने के लिए अलग-अलग रूट और सुव्यवस्थित गलियारे बनाए जा रहे हैं। सुरक्षा कारणों से वर्तमान में सरयू के घाटों पर आम आवागमन को पूरी तरह प्रतिबंधित कर दिया गया है।
इसके साथ ही, पुराने सरयू पुल पर भी यातायात को पूरी तरह बंद कर दिया गया है। दीपोत्सव के मुख्य पर्व पर पुराने सरयू पुल से भव्य एवं विहंगम आतिशबाजी (ग्रीन क्रैकर्स शो) की विशेष तैयारी की जा रही है, जिसके चलते इस पुल पर लगभग पांच दिनों तक वाहनों और आम जनता की आवाजाही पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।
उधर, दीपोत्सव को लेकर समूची अयोध्या नगरी को दुल्हन की तरह सजाने का कार्य तेजी से संपन्न हो रहा है। धर्मपथ से लेकर रामपथ तक विशेष प्रकाश व्यवस्था और तोरण द्वारों से सजावट की गई है, जिससे शाम ढलते ही रामनगरी रंग-बिरंगी रोशनी से जगमगाने लगी है। नगर के सभी प्रमुख सरकारी व धार्मिक भवनों, मुख्य मार्गों और प्रमुख चौराहों को आकर्षक फसाड लाइटों और विद्युत झालरों से सुसज्जित किया जा रहा है, ताकि मुख्य पर्व के दिन पूरी अयोध्या नगरी रोशनी में नहाई नजर आए।
इस बार दीपोत्सव में सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी विशेष आकर्षण का केंद्र बनेंगी। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सांस्कृतिक आदान-प्रदान को बढ़ावा देते हुए पांच विदेशी देशों के कलाकारों द्वारा पारंपरिक रामलीला का मंचन किया जाएगा, जो वैश्विक मंच पर भारतीय सनातन संस्कृति और रामकथा की व्यापकता का जीवंत दर्शन कराएगा।