310 वोट थे, गिनती में निकले 317', लखनऊ में MLC रिजल्ट से पहले बवाल, काउंटिंग पर सपा का गंभीर आरोप
लखनऊ : उत्तर प्रदेश विधान परिषद की 11 सीटों पर 23 अक्टूबर को मतदान की प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब बारी रिजल्ट की है. स्नातक और शिक्षक कोटे की सीटों पर मैदान में उतरे प्रत्याशियों की किस्मत का आज फैसला हो जाएगा.
सुबह आठ बजे से मतगणना शुरू हो गई है. सात शहरों में वोटों की गिनती शुरू हो गई है. इस बीच सियासी गलियारों में हलचल भी पैदा हो गई है. समाजवादी पार्टी की लखनऊ की स्नातक कैंडिडेट कांति सिंह और उनके एजेंट डॉ. शर्मिला ने गंभीर आरोप लगाया है. उनका कहना है कि बूथ संख्या 50 के डिब्बे को बदला गया है. डिब्बे में 310 वोट थे और अब 317 निकले हैं. सात वोट किसके हैं? वहीं, भाजपा उम्मीदवार ने व्यवस्था की तारीफ की है.
डिब्बा बदल दिया गया है : कांति सिंह
सपा उम्मीदवार कांति सिंह ने कहा कि बूथ संख्या 50 पर डिब्बे में कुछ और है और निकल कुछ और रहा है. डिब्बा चेंज किया गया है. मिलान नहीं हो रहा है. कल हमको डाटा नहीं दिया था. डिब्बे में 310 वोट थे, लेकिन निकले 317. सात वोट किसके हैं. उन्होंने आगे कहा कि निर्दलीय उम्मीदवार को लेकर समस्या आई है. मैंने बैठने के लिए कमिश्नर से मांग की. सीसीटीवी लगी है लेकिन स्क्रीन नहीं लगी है. इससे हमको कुछ पता नहीं चल पा रहा है. हमारी मांग है स्क्रीन लगे. गड़बड़ी बैलेट पेपर या ईवीएम से नहीं होती. जिन्हें गड़बड़ी कराना है वो लोग करा लेते हैं. उन्होंने यह भी कहा कि चुनाव आयोग सही तरीके से काउंटिंग कराए.
व्यवस्था अच्छी है : भाजपा
वहीं भाजपा उम्मीदवार इंजीनियर अविनाश कुमार सिंह ने कहा कि व्यवस्था अच्छी है. अभी बंडल बनाए जा रहे हैं. उम्मीद है की जैसे ही 50 परसेंट वोट गिन जाएंगे वैसे ही विपक्ष परस्त हो जाएगी.बंडल को खोला जा रहा है. सीसीटीवी लगे हुए है.
वाराणसी में बिजली हुई गुल, मचा हंगामा
इधर, वाराणसी से भी कई खबरें सामने आईं. एमएलसी चुनाव की मतगणना को लेकर वाराणसी के पहड़िया स्थित मतगणना स्थल पर सपा नेताओं ने निगरानी कड़ी रही. सोमवार रात करीब 10 मिनट तक बिजली गुल होने की सूचना पर हंगामा हुआ. सपा के 15 नेताओं ने मतगणना स्थल पर रात बिताई. नेताओं ने मतगणना में हेराफेरी की आशंका जताते हुए प्रशासन की व्यवस्था पर सवाल उठाए. सपा नेता और शिवपुर के पूर्व विधायक उदयलाल मौर्य ने कहा कि बीती रात मतगणना स्थल पर बिजली चले जाने की सूचना मिली थी. इसके बाद वे लोग मौके पर पहुंचे तो प्रशासन से संपर्क कर बिजली चालू कराई गई. बताया गया कि जनरेटर खराब हो गया था. उन्होंने आशंका जताई कि मतगणना में हेरफेर की जा सकती है.
वहीं, सपा नेता और जिला पंचायत सदस्य धर्मेंद्र यादव ने कहा कि वे अखिलेश यादव के साथ हैं. पार्टी प्रमुख जब और जैसा निर्देश देंगे, कार्यकर्ता उसी के अनुसार आगे बढ़ेंगे. उन्होंने दावा किया कि एमएलसी चुनाव में सपा दोनों सीटों पर जीत दर्ज करेगी. बिजली आपूर्ति बाधित होने की घटना के बाद सपा नेताओं ने मतगणना स्थल पर निगरानी जारी रखी. उनका कहना है कि मतगणना की प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से संपन्न होनी चाहिए. हालांकि, मतगणना में हेराफेरी की आशंका को लेकर सपा नेताओं ने जो सवाल उठाए हैं, उसकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है.
