मारपीट में घायल युवक की मौत, परिजनों ने पुलिस पर लापरवाही का आरोप
शाहजहांपुर। सिंधौली थाना क्षेत्र के ग्राम चक्रकुंडू निवासी शिवकुमार उर्फ लल्ले की मौत के बाद परिजनों ने पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। पुलिस अधीक्षक को दिए गए शिकायती पत्र में परिजनों ने आरोप लगाया है कि मारपीट में घायल होने के बावजूद पुलिस ने न तो समय पर रिपोर्ट दर्ज की और न ही मेडिकल परीक्षण कराया। इससे युवक की हालत लगातार बिगड़ती गई और उपचार के लिए ले जाते समय उसकी मौत हो गई। परिजनों के मुताबिक शिवकुमार ने 26 और 29 मई को पुलिस को लिखित शिकायत देकर गांव के कुछ लोगों पर ग्राम समाज की भूमि पर अवैध कब्जे, धमकी और संभावित हमले की आशंका जताई थी। आरोप है कि शिकायत के बावजूद पुलिस ने कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की। इसके बाद 27 मई को आरोपितों ने शिवकुमार को घेरकर मारपीट की, जिससे उसके सिर, सीने और शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आईं। शिकायत में कहा गया है कि घटना की सूचना तत्काल पुलिस को दी गई थी, लेकिन थाना सिंधौली पुलिस ने न तो मुकदमा दर्ज किया और न ही घायल का मेडिकल परीक्षण कराया। परिजनों का आरोप है कि कई बार गुहार लगाने के बावजूद उन्हें न्याय नहीं मिला। हालत गंभीर होने पर शिवकुमार को उपचार के लिए आगरा ले जाया जा रहा था, लेकिन रास्ते में ही उसने दम तोड़ दिया। मृतक अपने पीछे पत्नी, दो छोटे बच्चों और गर्भवती पत्नी को छोड़ गया है। परिवार का आरोप है कि यदि पुलिस समय रहते कार्रवाई करती तो संभवतः शिवकुमार की जान बचाई जा सकती थी। परिजनों ने पुलिस अधीक्षक से हत्या का मुकदमा दर्ज कर आरोपितों की गिरफ्तारी, तत्कालीन थाना प्रभारी समेत संबंधित पुलिसकर्मियों की भूमिका की निष्पक्ष जांच, दोषी पाए जाने पर विभागीय कार्रवाई तथा मृतक परिवार को आर्थिक सहायता और सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग की है।
प्रार्थना पत्र के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है आगे की कार्यवाही की जा रही है
प्रवीण मलिक सीओ पुवायां
आरोप निराधार है कोई थाने में प्रार्थना पत्र लेकर आया ही नहीं था
रविन्द्र सिंह प्रभारी निरीक्षक थाना सिंधौली
