पिस्टलवाली राखी और विक्रान्त की लवस्टोरी में खूनी खेल !
उत्तरप्रदेश- सहारनपुर में डूडा मैनेजर विक्रान्त बागपत की राखी कश्यप के साथ लंबे समय से रिलेशन में थी. विक्रान्त शादीशुदा था और उनकी पत्नी नोयडा में सरकारी नौकरी में थी.
इस लवस्टोरी की कहानी कहां उलझी, अभी पुलिस इस गुत्थी को सुलझाने में लगी है.
बागपत में 17 अप्रैल के कई दिन पहले एक दारूपार्टी हुई. वेन्यू था राखी का घर. इस पार्टी में राखी का दूसरा प्रेमी BJP नेता सुधारस भी था. विक्रान्त, राखी और सुधारस के कई म्युचुअल फ्रैन्ड्स इस पार्टी में शामिल थे.
अचानक किसी बात को लेकर विक्रान्त और राखी में कहासुनी हुई. राखी ने अपनी लायसेंसी पिस्टल निकाली और विक्रान्त को गोली मारकर हत्या कर दी.
पार्टी में सभी सन्न रह गये. मामले को दबाने के लिए रणनीति बनी और विक्रान्त की लाश कार में डालकर उसे सहारनपुर लाया गया. यहां रात के अंधेरे में विक्रान्त की लाश को एक लिंक नहर में फैंक दिया गया. यह लाश आगे जाकर कहीं फंस गयी और 17 अप्रैल को पुलिस को मिल गयी.
मगर इस लाश की पहचान नही हो पायी.
विक्रान्त से सम्पर्क टूटने पर उसकी पत्नी ने गुमशुदगी दर्ज कराई. इस मामले में कॉल रिकॉर्ड्स के आधार पर पुलिस ने 24 अप्रैल को राखी को हिरासत में लिया और पूछताछ की मगर राखी ने पुलिस को कुछ भी नही बताया. पुलिस ने राखी को छोड़ दिया.
राखी-सुधारस और पूरी टोली के दिमाग में एक अनहोनी की आशंका घूम रही थी. डर था कि अगर राखी ने कुछ भी बता दिया होगा तो सब फंस जायेगें.
BJP नेता सुधारस और दोस्तों ने मिलकर एक फार्महाउस पर राखी को बुलाया और चाकू से गला रेतकर उसकी हत्या कर दी. राखी का लाश को रजवाहे में फैंक दिया गया. पुलिस ने राखी की लाश बरामद की. इसके बाद इन्वेस्टीगेशन तेज की गयी.
बागपत के रहने वाले कपिल चौहान को पुलिस ने उठाया और उससे पूछताछ की. कपिल पूरी कहानी जानता था. पुलिस की सख्ती के सामने वह टूट गयी और दोनों मर्डर केस की स्टोरी उसने कह सुनाई.
पुलिस इन्वेस्टीगेशन में पता चला है कि विक्रान्त ने कुछ दिन पहले बैंक से 4 लाख रूपये निकाले थे. आशंका है कि राखी और विक्रान्त के बीच इसी रकम को लेकर बिगड़ाव हुआ.
BJP नेता सुधारस और उसके साथी फरार है. पुलिस उनकी तलाश लगातार दबिशें दे रही है. सुधारस बागपत जिले में भाजपा नेता है.
विक्रान्त की पत्नी सिंचाई विभाग नोयडा में तैनात है. विक्रान्त और प्राची को एक बेटी भी है.

