*सांठगांठ के चलते लेखपाल पर चहेतों के नाम मुआवजा दिलाने का आरोप जिलाधिकारी से शिकायत, कार्रवाई की मांग*
--गेहूं दर्शाकर गन्ने के खेत का भी मुआवजा दिलाने का अंदेशा जांच की जरूरत --
-- मुख्यमंत्री के निर्देशो की उड़ी धज्जियां, क्षेत्र की ग्राम पंचायत इटौआ,सौफरी, लालपुर का मामला --
खुटार शाहजहांपुर। बीते दिनों हुई बेमौसम बारिश ने किसानों के खेत में खड़ी गेहूं की फसल को पूरी तरह बर्बाद कर दिया था जिसकी सूचना लगते ही उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को 24 घंटे के अंदर क्षेत्र में जाकर पानी से हुए नुकसान का मुआवजा किसानों को दिलाएं जाने की बात कही थी लेकिन उनके ही कुछ कर्मचारी उनके मंसूबों पर पानी फेरते हुए भाजपा सरकार की छवि धूमिल करने पर उतारू है। आरोप है कि खुटार क्षेत्र की ग्राम पंचायत इटौआ लालपुर सौफरी में तैनात लेखपाल द्वारा साठ गांठ के चलते कम छतिग्रस्त हुई फसल को भारी नुक़सान दर्शाकर मुआवजा दिलाया गया है और जिन किसानों को भारी नुक़सान हुआ है उन्हें अपात्र घोषित कर दिया है। और जिन किसानों द्वारा मुख्यमंत्री पोर्टल पर मुआवजे की मांग की गई थी उसका शिकायत के लगभग 25 दिनों बाद बिना मौका मुआयना किए फसल कटने के बाद निस्तारण किया है। साथ ही मज़े की बात यह है कि जिन गवाहों के दस्तखत किए गए हैं वह उनके हैं ही नहीं पीड़ित किसान ने जिलाधिकारी से जांच करवा कर उचित कार्रवाई की मांग की है।

