जैतीपुर में 'कुर्सी वाली पुलिस' खत्म, अब गांव-गांव पहुंच रही वर्दी - शाहजहाँपुर पुलिस
शाहजहांपुर (जैतीपुर)। सालों तक शिकायतों के नाम पर सिर्फ तारीखें, बहाने और आश्वासन देने वाली व्यवस्था पर अब जैतीपुर पुलिस ने सीधा वार किया है। पुलिस अधीक्षक सौरभ दीक्षित के आदेश पर शुरू हुआ यह अभियान सिर्फ एक पहल नहीं, बल्कि उस ढर्रे पर तमाचा है जिसने आम आदमी को थानों और दफ्तरों के चक्कर काटने पर मजबूर कर रखा था।
बुधवार को थाना जैतीपुर पुलिस ने साफ कर दिया कि काम करने की नीयत हो तो समाधान में देर नहीं लगती। थाना प्रभारी प्रिंस शर्मा और चौकी प्रभारी इतेश तोमर खुद गांवों में पहुंचे, फरियादियों से आमने-सामने बात की और मौके पर ही समस्याओं का निपटारा किया। जो काम पहले हफ्तों में भी पूरा नहीं होता था, अब घंटों में सुलझता नजर आया।
सबसे बड़ा सवाल अब भी खड़ा है-जब यह मॉडल आज सफल है, तो पहले क्यों नहीं? आखिर आम आदमी को सालों तक क्यों दौड़ाया गया? यह अभियान सिर्फ राहत नहीं दे रहा, बल्कि सिस्टम की उस हकीकत को उजागर कर रहा है जिसमें कमी व्यवस्था की नहीं, बल्कि इच्छाशक्ति की थी।
थाना प्रभारी प्रिंस शर्मा ने स्पष्ट किया कि हर शिकायत का निष्पक्ष और समयबद्ध समाधान उनकी प्राथमिकता है। उन्होंने लोगों से अपील की कि किसी भी समस्या में बिना झिझक पुलिस से संपर्क करें।
अब देखना यह है कि यह सख्ती और सक्रियता कब तक कायम रहती है-या फिर यह भी बाकी अभियानों की तरह कुछ दिनों की सुर्खियां बनकर ठंडी पड़। ... UP Police

